01/01/2026
रिम्स निदेशक प्रो (डॉ) राज कुमार ने आज वर्ष 2025 के दौरान रिम्स में चिकित्सा सेवाओं, आधारभूत संरचना, शैक्षणिक विस्तार एवं प्रशासनिक सुधारों के क्षेत्र में महत्वपूर्ण उपलब्धियों की जानकारी साझा की। उन्होंने कहा, इन प्रयासों का उद्देश्य राज्य के नागरिकों को बेहतर, सुलभ एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएँ उपलब्ध कराना रहा है।
🔹वर्ष 2025 की प्रमुख उपलब्धियाँ
1. लगभग पाँच वर्षों के बाद रेडियोलॉजी विभाग के लिए क्षेत्रीय नेत्र संस्थान भवन में अत्याधुनिक 03 टेस्ला MRI मशीन का अधिष्ठापन किया गया।
2. लगभग दस वर्षों से लंबित क्षेत्रीय नेत्र संस्थान भवन का निर्माण कार्य पूर्ण कराया गया।
3. ऑन्कोलॉजी भवन में 70 बेड क्षमता के अतिरिक्त न्यूरोलॉजी एवं न्यूरोसर्जरी वार्ड का निर्माण किया गया।
4. मरीजों के लिए 24×7 पैथोलॉजिकल जांच सेवा उपलब्ध कराने हेतु सेंट्रल लैब की स्थापना कर संचालन प्रारंभ किया गया।
5. छात्रों की सुविधा हेतु 500 बेड क्षमता वाले छात्रावास भवन का निर्माण कार्य पूर्ण किया गया।
6. माइक्रोबायोलॉजी विभाग के अंतर्गत BSL-3 लैब का निर्माण कराया गया।
7. चिकित्सकों, छात्रों एवं रिम्स कर्मियों के लिए नए कैंटीन भवन का निर्माण कार्य पूर्ण हुआ
8. रात्रि में महिला चिकित्सकों, नर्सिंग कर्मियों एवं दिव्यांगजनों की सुविधा के लिए 05 ई-कार्ट का क्रय किया गया।
9. डेंटल मरीजों के लिए डेंटल इंस्टिट्यूट के अंतर्गत ओरल एंड मैक्सिलोफेशियल सर्जरी विभाग में ओटी कॉम्प्लेक्स का निर्माण कराया गया।
10. माननीय उच्च न्यायालय के आदेश के आलोक में रिम्स की अतिक्रमित भूमि को मुक्त कराकर उस पर चारदीवारी निर्माण कार्य प्रारंभ कराया गया।
11. संस्थान के गेट संख्या 01 एवं 02 का निर्माण कार्य पूर्ण किया गया।
🔹 प्रशासनिक एवं मानव संसाधन संबंधी उपलब्धियाँ:-
1. जनहित याचिका में पारित आदेश के अनुपालन में लगभग 09 एकड़ अतिक्रमित भूमि को जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन के सहयोग से मुक्त कराया गया।
2. क्षेत्रीय नेत्र संस्थान हेतु चिकित्सक, नर्सिंग, पैरामेडिकल एवं अन्य पदों सहित कुल 103 नए पदों का सृजन किया गया।
3. सुरक्षा की दृष्टि से संस्थान परिसर में 1136 सीसीटीवी कैमरों के अधिष्ठापन की प्रक्रिया प्रारंभ की गई।
4. चिकित्सक शिक्षण संवर्ग एवं अन्य कर्मचारियों को पदोन्नति, वित्तीय लाभ एवं सेवा लाभ प्रदान किए गए।
5. विभिन्न विभागों में नियुक्ति, चयन प्रक्रिया, एजेंसी चयन एवं सेवाओं के आउटसोर्सिंग संबंधी कार्यों को गति दी गई।
साथ ही निदेशक ने 2026 में रिम्स की आगामी योजनाओं के विषय में भी जानकारी दी। रिम्स द्वारा आने वाले वर्ष में मरीजों को और अधिक उन्नत सेवाएँ उपलब्ध कराने के लिए कई महत्वाकांक्षी योजनाएँ प्रस्तावित हैं, जिनमें शामिल हैं—
1. दवा एवं सर्जिकल सामग्री की निर्बाध उपलब्धता हेतु Hospital Revolving Fund (HRF) का संचालन।
2. विभिन्न विभागों में रिक्त पदों पर नियुक्ति
3. एमबीबीएस, पीजी, नर्सिंग एवं सुपर-स्पेशियलिटी पाठ्यक्रमों की सीटों में वृद्धि।
4. ट्रॉमा सेंटर का विस्तार, नए आईसीयू/ओटी भवनों का निर्माण।
5. कैंसर मरीजों के लिए LINAC मशीन का अधिष्ठापन।
6. सुरक्षा व्यवस्था सुदृढ़ करने हेतु चारदीवारी, फायर फाइटिंग सिस्टम एवं गैस पाइपलाइन जैसी आधारभूत सुविधाओं का विस्तार।
निदेशक प्रो राजकुमार ने स्पष्ट किया है कि संस्थान राज्य सरकार एवं माननीय न्यायालय के निर्देशों के अनुरूप पारदर्शिता, जवाबदेही एवं जनहित को सर्वोपरि रखते हुए कार्य कर रहा है। आने वाले समय में रिम्स को पूर्वी भारत के एक अग्रणी चिकित्सा संस्थान के रूप में और सशक्त बनाने के लिए सतत प्रयास जारी रहेंगे।