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अनिद्रा से लड़ें: सोने से पहले करें ये 3 आसान काम   रात को नींद न आना अब बहुत आम समस्या बन चुकी है।आयुर्वेद में अनिद्रा ...
07/12/2025

अनिद्रा से लड़ें: सोने से पहले करें ये 3 आसान काम

रात को नींद न आना अब बहुत आम समस्या बन चुकी है।
आयुर्वेद में अनिद्रा का मुख्य कारण मन की अशांति और वात असंतुलन माना गया है।
सोने से पहले छोटी-छोटी आदतें नींद गहरी कर देती हैं।
मन शांत हो तो शरीर भी जल्दी आराम में आता है।
गर्म पेय और पैरों की मालिश नींद को आसान बनाते हैं।
मोबाइल दूरी भी नींद को सपोर्ट करती है।
रात की रूटीन जितनी सरल, नींद उतनी स्थिर।
ये 3 कदम हर दिन अपनाएं और नींद सुधरते देखें।

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❓ FAQs

1) अनिद्रा का सबसे बड़ा कारण क्या है?
तनाव, स्क्रीन टाइम और अनियमित दिनचर्या सबसे बड़े कारण हैं।

2) क्या पैरों की मालिश सच में नींद लाती है?
हां, यह नसों को शांत कर दिमाग को आराम का संकेत देती है।

3) सोने से पहले कौन-सा पेय सबसे अच्छा है?
हल्दी दूध, केसर दूध, या अश्वगंधा दूध सबसे प्रभावी माने जाते हैं।

4) क्या ध्यान से तुरंत नींद आने लगती है?
तुरंत नहीं, पर 5–7 दिन में मन शांत होकर नींद बेहतर होती है।

5) क्या अनिद्रा स्थायी बीमारी बन सकती है?
अगर रूटीन न सुधारें तो हां, पर यह सही जीवनशैली से पूरी तरह ठीक हो सकती है।



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07/12/2025
किडनी स्टोन क्यों बनता है और कैसे संभालें?    किडनी स्टोन शरीर में जमते मिनरल और नमक का कठोर रूप है।पानी कम पीने और नमक ...
07/12/2025

किडनी स्टोन क्यों बनता है और कैसे संभालें?
किडनी स्टोन शरीर में जमते मिनरल और नमक का कठोर रूप है।
पानी कम पीने और नमक ज्यादा लेने से जोखिम बढ़ता है।
लक्षणों में पीठ दर्द, जलन, लाल पेशाब और उल्टी शामिल हैं।
आयुर्वेद इसे अश्मरी कहता है और दोष असंतुलन को कारण मानता है।
नींबू पानी, नारियल पानी और हल्का भोजन उपयोगी होते हैं।
सही पानी की मात्रा स्टोन की रोकथाम में मदद करती है।
स्टोन बड़े हों तो डॉक्टर की निगरानी ज़रूरी है।
तेज दर्द, पेशाब रुकना और बुखार इमरजेंसी के संकेत हैं।

FAQs

1. किडनी स्टोन का सबसे बड़ा कारण क्या है?
कम पानी पीना और नमक ज्यादा लेना।

2. किडनी स्टोन का दर्द कहाँ होता है?
पीठ और कमर के साइड में तेज, लहरों जैसा दर्द।

3. क्या किडनी स्टोन बिना ऑपरेशन निकल सकता है?
छोटी पथरी पानी और आहार से निकल सकती है।

4. किडनी स्टोन में सबसे अच्छा पेय क्या है?
नींबू पानी और नारियल पानी।

5. कब तुरंत डॉक्टर को दिखाना चाहिए?
जब दर्द सहन न हो, पेशाब न आए या बुखार हो।



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Overthinking क्यों होता है और इसे कैसे रोकें?   Overthinking आज हर उम्र में एक common mental load बन गया है।छोटी बात भी ...
07/12/2025

Overthinking क्यों होता है और इसे कैसे रोकें?

Overthinking आज हर उम्र में एक common mental load बन गया है।
छोटी बात भी दिमाग बार-बार दोहराता रहता है।
इससे नींद, mood और decision-making कमजोर हो जाते हैं।
Ayurveda में इसे Vata imbalance से जोड़ा गया है।
Lifestyle, food और sleep इसका सीधा असर डालते हैं।
कुछ simple आदतें mind को काफी शांत कर देती हैं।
Grounding techniques और writing बहुत राहत देती हैं।
ये पोस्ट आपको step-by-step समझाती है कि इससे कैसे बाहर आएँ।

⭐ FAQs

1. Overthinking का सबसे बड़ा कारण क्या है?
अनिश्चितता और future का डर सबसे बड़ा कारण है।

2. क्या overthinking पूरी तरह खत्म हो सकती है?
नहीं, लेकिन सही आदतों से काफी नियंत्रण में आ सकती है।

3. Ayurveda इसमें कैसे मदद करता है?
Vata balancing food, oiling और routine से mind stable होता है।

4. क्या meditation हर किसी पर काम करता है?
नहीं, कुछ लोगों पर grounding या writing ज्यादा काम करती है।

5. सबसे तेज़ राहत क्या देती है?
Deep breathing + mind dump technique तुरंत राहत देती है।

आयुर्वेद और एलोपैथी में क्या बेहतर है? | कहाँ कौन जीतता है?   आयुर्वेद और एलोपैथी दोनों के अपने मजबूत क्षेत्र होते हैं।य...
07/12/2025

आयुर्वेद और एलोपैथी में क्या बेहतर है? | कहाँ कौन जीतता है?

आयुर्वेद और एलोपैथी दोनों के अपने मजबूत क्षेत्र होते हैं।
यह पोस्ट साफ और सरल तुलना देती है।
कहाँ आयुर्वेद बेहतर काम करता है, जानें।
कहाँ एलोपैथी आगे है, यह भी समझें।
Emergency, chronic disease और pain relief में फर्क जानें।
Mind-body balance में कौन आगे है, यह भी बताया है।
Diagnostic accuracy और lifestyle correction की तुलना भी शामिल है।
यह गाइड आपको balanced health choice बनाने में मदद करेगी।

📌 FAQs

Q1: क्या आयुर्वेद chronic diseases में बेहतर है?
हाँ, root-cause पर काम होने से लंबे समय में अच्छे परिणाम मिलते हैं।

Q2: Emergency में कौन बेहतर है?
Emergency में एलोपैथी तेज और life-saving रहती है।

Q3: क्या एलोपैथी सिर्फ symptoms दबाती है?
ज्यादातर acute cases में हाँ, पर कई इलाज root-level भी होते हैं।

Q4: क्या आयुर्वेद की healing धीमी होती है?
धीमी होती है लेकिन गहरी और स्थायी होती है।

Q5: Mind-body balance में कौन आगे है?
आयुर्वेद holistic तरीके से मन और शरीर दोनों को संतुलित करता है।




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LADA vs MODY Diabetes समझें सही डायग्नोसिस जरूरी   LADA और MODY दो ऐसे diabetes प्रकार हैं जो दिखते टाइप-2 जैसे हैं लेकि...
06/12/2025

LADA vs MODY Diabetes समझें सही डायग्नोसिस जरूरी

LADA और MODY दो ऐसे diabetes प्रकार हैं जो दिखते टाइप-2 जैसे हैं लेकिन असल में बिल्कुल अलग हैं।
गलत पहचान से गलत इलाज शुरू हो जाता है।
LADA autoimmune होता है जबकि MODY genetic होता है।
दोनों को समझना diabetes control में अहम भूमिका निभाता है।
कम उम्र में sugar होने पर MODY का शक होता है।
30 की उम्र के बाद sugar शुरू हो और oral दवा ना चले तो LADA शक।
सही टेस्ट से सही इलाज तय होता है।
इसी वजह से इन दोनों का ज्ञान जरूरी है।

⭐ FAQs

1. LADA किस उम्र में होता है?
आमतौर पर 30 के बाद शुरू होता है।

2. MODY क्यों होता है?
यह genetic mutation के कारण होने वाला diabetes है।

3. LADA में insulin क्यों लगता है?
क्योंकि शरीर धीरे-धीरे insulin बनाना बंद कर देता है।

4. MODY में insulin जरूरी है?
कई cases में नहीं, हल्की dose की दवा से कंट्रोल हो जाता है।

5. दोनों को पहचानने का मुख्य test क्या है?
LADA के लिए GAD antibodies, MODY के लिए genetic test।





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हाई बीपी कम करने के आयुर्वेदिक उपाय    हाई बीपी का मुख्य कारण तनाव और गलत दिनचर्या है।आयुर्वेद इसे वात-पित्त असंतुलन मान...
06/12/2025

हाई बीपी कम करने के आयुर्वेदिक उपाय

हाई बीपी का मुख्य कारण तनाव और गलत दिनचर्या है।
आयुर्वेद इसे वात-पित्त असंतुलन मानता है।
अर्जुन, जटामांसी और अश्वगंधा बहुत उपयोगी हैं।
कम नमक और हल्का भोजन जरूरी है।
योग और प्राणायाम BP को स्थिर करते हैं।
नारियल पानी और मेथी अच्छा असर देते हैं।
नियमित दिनचर्या सबसे बड़ी दवा है।
तनाव घटाते ही BP खुद शांत होने लगता है।

📌 FAQs

हाई BP का कारण?
तनाव, नमक, नींद कमी, वात-पित्त असंतुलन।

कौन सी हर्ब्स मदद करती हैं?
अर्जुन, सर्पगंधा, जटामांसी, अश्वगंधा।

कौन सा योग जरूरी है?
अनुलोम-विलोम, भ्रामरी, शशांकासन।

क्या नमक बंद करना होगा?
नहीं, बस कम मात्रा में लें।

क्या आयुर्वेद दवा के साथ चल सकता है?
हाँ, डॉक्टर सलाह के साथ।





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Healthy Routine Tips |    सुबह गरम पानी, दिन में होमकुक्ड खाना और रात में जल्दी सोना आपकी हेल्थ को स्थिर रखते हैं।ये तीन...
06/12/2025

Healthy Routine Tips |
सुबह गरम पानी, दिन में होमकुक्ड खाना और रात में जल्दी सोना आपकी हेल्थ को स्थिर रखते हैं।
ये तीन आदतें पाचन, नींद और एनर्जी को संतुलित करती हैं।
शरीर में गैस, फुलावट और सुस्ती कम होती है।
मेटाबॉलिज्म बेहतर होता है और वजन नियंत्रण में रहता है।
हार्मोन और इम्युनिटी भी मजबूत होती हैं।
घर का खाना शरीर के अनुसार सबसे सही होता है।
जल्दी सोना मानसिक शांति लाता है।
रोज़ाना इन आदतों से लाइफस्टाइल ऑटोमैटिक सुधरता है।

FAQs

1. सुबह गरम पानी क्यों जरूरी है?
पाचन, डिटॉक्स और मेटाबॉलिज्म को तुरंत एक्टिव करता है।

2. होमकुक्ड खाना क्यों अच्छा माना जाता है?
कम ऑयल, कम प्रिज़र्वेटिव, शरीर को हल्का और साफ रखता है।

3. जल्दी सोने से क्या फर्क पड़ता है?
नींद गहरी होती है, दिमाग शांत रहता है, हार्मोन सुधरते हैं।

4. इन तीन आदतों से वजन कम होता है?
हाँ, क्योंकि बॉडी सूजन कम होती है और मेटाबॉलिज्म स्थिर रहता है।

5. कितने दिनों में असर दिखता है?
7–10 दिनों में हल्कापन और बेहतर नींद महसूस होने लगती है।



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कफ दोष और मोटापा: सही Ayurvedic समझ #कफदोष  ेदमोटापाकफ दोष बढ़ने पर शरीर भारी और सुस्त महसूस होने लगता है।यही बढ़ा हुआ क...
06/12/2025

कफ दोष और मोटापा: सही Ayurvedic समझ
#कफदोष ेदमोटापा
कफ दोष बढ़ने पर शरीर भारी और सुस्त महसूस होने लगता है।
यही बढ़ा हुआ कफ समय के साथ मेद को बढ़ाकर मोटापा बढ़ाता है।
आयुर्वेद में कफ और मोटापे का गहरा संबंध बताया गया है।
ठंडी और भारी चीजें कफ को तेजी से बढ़ाती हैं।
Digestive fire कम होने से metabolism धीमा पड़ जाता है।
Active lifestyle और हल्का warm-food कफ कम करते हैं।
कुछ आसान घरेलू उपाय रोज करने से तेजी से राहत मिलती है।
संतुलित कफ ही स्वस्थ वजन का आधार है।

❓ FAQs

1. कफ दोष बढ़ने का पहला संकेत क्या है?
शरीर में भारीपन, सुस्ती और धीमा पाचन इसका मुख्य संकेत है।

2. क्या कफ के कारण वजन तेजी से बढ़ता है?
हाँ, कफ बढ़ने से मेद जमा होता है और वजन आसानी से बढ़ता है।

3. कफ कम करने के लिए सुबह क्या लेना चाहिए?
गर्म पानी, नींबू-शहद या अदरक वाला warm drink अच्छा रहता है।

4. क्या दही मोटापा बढ़ाता है?
ठंडी प्रकृति होने के कारण दही कफ बढ़ाकर वजन बढ़ा सकता है।

5. कफ-मोटापा में कौन सा व्यायाम बेहतर है?
तेज चलना, सूर्य नमस्कार और कपालभाति सबसे लाभकारी हैं।




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गठिया क्यों होता है और शुरुआती पहचान | आसान गाइड   गठिया जोड़ों की सूजन और दर्द बढ़ाने वाली समस्या है।शुरुआत में हल्की s...
05/12/2025

गठिया क्यों होता है और शुरुआती पहचान | आसान गाइड

गठिया जोड़ों की सूजन और दर्द बढ़ाने वाली समस्या है।
शुरुआत में हल्की stiffness और सूजन दिखती है।
समय रहते पहचान लेने पर नुकसान रोका जा सकता है।
आयुर्वेद इसे आम-वात से जुड़ी समस्या बताता है।
गलत खानपान और जीवनशैली मुख्य कारण हैं।
वजन, चोट, ठंड और यूरिक एसिड भी ट्रिगर करते हैं।
सुबह की जकड़न इसका पहला संकेत है।
जोड़ों की सुरक्षा के लिए समय पर care जरूरी है।

🔵 FAQs

1. गठिया की सबसे पहले क्या पहचान दिखती है?
सुबह जकड़न और हल्की सूजन सबसे पहला संकेत है।

2. क्या गठिया सिर्फ उम्र से होता है?
नहीं, गलत lifestyle, वजन, यूरिक एसिड भी कारण हैं।

3. क्या गठिया पूरी तरह ठीक हो सकता है?
शुरुआती स्टेज में कंट्रोल और सुधार संभव है।

4. गठिया में क्या खाना चाहिए?
हल्दी, मेथी, गर्म पानी, हल्का पचने वाला भोजन मदद करता है।

5. गठिया किनको ज्यादा होता है?
40+ उम्र, ज्यादा वजन, कम धूप और inactive लोगों में ज्यादा।




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हर दिन 10,000 कदम चलने के फायदे | Natural Health Boost     रोज़ 10,000 कदम चलना शरीर और मन दोनों के लिए natural medicine...
05/12/2025

हर दिन 10,000 कदम चलने के फायदे | Natural Health Boost
रोज़ 10,000 कदम चलना शरीर और मन दोनों के लिए natural medicine की तरह काम करता है।
यह दिल को मजबूत रखता है, चर्बी कम करता है और sugar control में मदद करता है।
Digestion smooth होता है और joints flexible रहते हैं।
Stress कम होकर mood अच्छा बना रहता है।
नींद की quality बेहतर होती है और energy पूरे दिन बनी रहती है।
Skin glow बढ़ता है और ageing का असर धीमा होता है।
Immunity strong रहती है और शरीर हल्का महसूस करता है।
Walking एक आसान, सुरक्षित और जीवन बदलने वाली habit है।

FAQs

Q1. क्या 10,000 कदम रोज़ जरूरी हैं?
हाँ, यह पूर्ण शरीर व्यायाम का सबसे आसान और असरदार तरीका है।

Q2. क्या वजन कम करने में मदद करता है?
हाँ, पेट की चर्बी और overall fat कम करने में बहुत मदद करता है।

Q3. कब चलना सबसे अच्छा है?
सुबह और रात के खाने के बाद 10–15 मिनट दोनों ही सबसे अच्छे समय हैं।

Q4. क्या डायबिटीज वाले भी चल सकते हैं?
हाँ, यह sugar control और insulin balance में support देता है।

Q5. शुरुआत कैसे करें?
पहले 4–5k कदम से शुरू करें, फिर धीरे-धीरे 10k तक बढ़ाएं।



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कैंसर का असली कारण आयुर्वेद अनुसार    आयुर्वेद कैंसर को शरीर की गहरी गड़बड़ियों से जोड़कर समझाता है।त्रिदोष बिगड़ना रोग ...
05/12/2025

कैंसर का असली कारण आयुर्वेद अनुसार
आयुर्वेद कैंसर को शरीर की गहरी गड़बड़ियों से जोड़कर समझाता है।
त्रिदोष बिगड़ना रोग की जमीन तैयार करता है।
पाचन कमजोर हो तो शरीर में विष जमा होने लगता है।
ऊतकों में कमी या दूषण से कोशिकाएँ असामान्य होती हैं।
तनाव और गलत दिनचर्या बीमारी को तेज कर देते हैं।
आयुर्वेद मूल कारण सुधारने पर जोर देता है।
सही भोजन और दिनचर्या शरीर की मरम्मत बढ़ाते हैं।
यह पोस्ट सरल भाषा में कैंसर के कारण समझाती है।

FAQs

कैंसर का आयुर्वेदिक कारण क्या माना गया है?
त्रिदोष असंतुलन, कमजोर पाचन, धातु दोष और अम बढ़ना।

अम बढ़ने से क्या नुकसान होता है?
अम नाड़ियों को ब्लॉक करता है और ऊतकों को खराब करता है।

तनाव कैंसर को कैसे प्रभावित करता है?
तनाव immunity घटाता है और दोषों को असंतुलित करता है।

अग्नि मंद क्यों बड़ी परेशानी है?
कमजोर पाचन विष जमा करता है जिससे गहरे रोग बनते हैं।

आयुर्वेद क्या सुधार सुझाता है?
संतुलित भोजन, सही दिनचर्या और तनाव कम करना।










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